बीआईटी सिंदरी में बाउंड्री निर्माण के नाम पर खुला भ्रष्टाचार: घटिया बालू और कम सीमेंट से खड़ी की जा रही दीवार, कुंभकर्णी नींद में प्रशासन

बीआईटी सिंदरी में बाउंड्री निर्माण के नाम पर खुला भ्रष्टाचार: घटिया बालू और कम सीमेंट से खड़ी की जा रही दीवार, कुंभकर्णी नींद में प्रशासन

धनबाद (सिंदरी): राज्य के प्रमुख सरकारी तकनीकी संस्थान बीआईटी सिंदरी में शिक्षा के मंदिर की आड़ में भ्रष्टाचार का खेल बेधड़क जारी है। संस्थान परिसर में चल रहे चारदीवारी निर्माण में मानकों की जमकर धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। मौके पर मौजूद स्थिति और स्थानीय सूत्रों के मुताबिक, दीवार खड़ी करने के लिए अत्यधिक महीन, मिट्टी मिली घटिया श्रेणी की नदी बालू का इस्तेमाल हो रहा है। इसके साथ ही गारे में सीमेंट की मात्रा न के बराबर रखी जा रही है, जिससे निर्माण की मजबूती पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

खबरों का असर बेअसर, पुराना पैंतरा फिर चालू संस्थान परिसर में निर्माण कार्यों में धांधली का यह कोई पहला मामला नहीं है। कुछ ही समय पूर्व एक अन्य भवन निर्माण में भी ठेकेदार द्वारा इसी प्रकार की गड़बड़ी की जा रही थी। तब मीडिया द्वारा पोल खोले जाने के बाद आनन-फानन में काम रोककर सही सामग्री मंगवाई गई थी। लेकिन जैसे ही मामला शांत हुआ, निर्माण एजेंसियों ने फिर से वही घटिया खेल शुरू कर दिया।

निदेशक डॉक्टर पंकज राय और आंतरिक जांच टीम की चुप्पी पर सवाल संस्थान के नए निदेशक डॉक्टर पंकज राय के कमान संभालने के बाद से परिसर के भीतर चल रहे निर्माण कार्यों की गुणवत्ता लगातार गिरती जा रही है। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल बीआईटी की अपनी आंतरिक जांच टीम पर उठ रहा है जो पूरे मामले से बेखबर बनी हुई है। परिसर में खुल्लम-खुल्ला सरकारी खजाने की लूट हो रही है, लेकिन संस्थान प्रशासन आंखें मूंदे बैठा है।

उच्चस्तरीय प्रयोगशाला जांच और ठेकेदार पर कार्रवाई की मांग तकनीकी शिक्षा के इस शीर्ष केंद्र में हो रहा यह फर्जीवाड़ा न सिर्फ सरकारी कोष की सीधी बर्बादी है, बल्कि सुरक्षा के लिहाज से भी बड़ा खतरा है। स्थानीय नागरिकों ने निर्माण कार्य को तत्काल रोककर इस्तेमाल हो रही कच्ची सामग्री की प्रयोगशाला जांच कराने और दोषी ठेकेदार व लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।

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